नोएडा में ईवी चार्जिंग नेटवर्क का विस्तार, निजी कंपनी लगाएगी 48 स्टेशनों का पूरा ढांचा
100 स्टेशन बनाने का लक्ष्य, 10 साल का समझौता और प्राधिकरण को हर यूनिट पर एक रुपये का राजस्व
प्रदूषण घटाने की पहल के साथ शहर में चार्जिंग सुविधाओं का नया नेटवर्क तैयार करने की तैयारी
NEWS1UP
संवाददाता
नोएडा। इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने और प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए नोएडा प्राधिकरण ने शहर में चार्जिंग सुविधाओं का दायरा बढ़ाने की तैयारी तेज कर दी है। प्राधिकरण ने आईटीआई लिमिटेड के साथ 48 स्थानों पर ईवी चार्जिंग स्टेशन लगाने का समझौता किया है। इससे पहले यूपी रिन्यूएबल एंड ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (UPREV) के साथ 30 स्थानों पर स्टेशन लगाने का करार हो चुका है। दोनों समझौतों के तहत शहर में कुल 78 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन लगाने की योजना है, जबकि प्राधिकरण का लक्ष्य इसे बढ़ाकर 100 स्टेशन तक पहुंचाना है।

बिना निवेश के प्राधिकरण को मिलेगा राजस्व
इस योजना की खास बात यह है कि आईटीआई लिमिटेड चार्जिंग स्टेशन लगाने का पूरा खर्च उठाएगी। प्राधिकरण की भूमिका मुख्य रूप से स्थान उपलब्ध कराने की होगी। समझौते की अवधि 10 साल रखी गई है, जिसे जरूरत के मुताबिक आगे बढ़ाया जा सकता है। इसके तहत प्रत्येक स्थान पर कम से कम दो चार्जर लगाए जाएंगे। व्यवस्था ऐसी होगी कि एक समय में दो कार और एक दोपहिया वाहन चार्ज किया जा सके। इसके बदले प्राधिकरण को रेवेन्यू शेयरिंग के तहत प्रति यूनिट एक रुपये का राजस्व मिलेगा।
मेट्रो स्टेशन से बाजार तक बनेगा चार्जिंग नेटवर्क
चार्जिंग स्टेशनों के लिए मेट्रो स्टेशन, बाजार, अस्पताल, पार्किंग स्थल, पेट्रोल पंप और आईटी कंपनियों के आसपास के स्थान चुने गए हैं। प्रस्तावित स्थानों में सेक्टर-16, 18, 51, 61, 142 और 147 के मेट्रो स्टेशन के आसपास के इलाके शामिल हैं। इसके अलावा सेक्टर-150, 100, 110, 82, 92, 119 और 137 में भी चार्जिंग सुविधाएं विकसित करने की योजना है। इन स्थानों के चयन का उद्देश्य वाहन चालकों को ऐसी जगहों पर चार्जिंग की सुविधा देना है, जहां लोगों की आवाजाही अधिक रहती है।
असली परीक्षा चार्जर लगाने के बाद होगी
नोएडा में ईवी चार्जिंग स्टेशन बढ़ाने की योजना इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को आसान बना सकती है, लेकिन इसकी सफलता केवल स्टेशनों की संख्या से तय नहीं होगी। यह भी देखना होगा कि तय स्थानों पर स्टेशन समय से बनें, चार्जर लगातार काम करें और वाहन चालकों को उनकी उपलब्धता की सही जानकारी मिले। इसके साथ चार्जिंग दरों, रखरखाव और शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता भी जरूरी होगी।
प्राधिकरण का लक्ष्य 100 चार्जिंग स्टेशन तैयार करना है। अब निगाह इस बात पर रहेगी कि 78 प्रस्तावित स्थानों पर काम कितनी तेजी से पूरा होता है और इन सुविधाओं का आम वाहन चालकों को कितना लाभ मिलता है।
