गाजियाबाद की सोसाइटी में पालतू कुत्ते का घर में घुसकर मां-बेटे पर हमला! मालिक दंपती पर FIR
प्रतीकात्मक इमेज
पीड़ित परिवार का आरोप, कुत्ते को खुला छोड़ने से पहले भी पैदा हो चुका है खतरा
विरोध करने पर गाली-गलौज और घर पर पथराव का दावा
NEWS1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। आवासीय सोसाइटियों में पालतू कुत्तों को लेकर उठ रहे विवादों के बीच गाजियाबाद की शिप्रा सनसिटी सोसाइटी से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने रिहायशी परिसरों में लोगों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप है कि पड़ोसी का पालतू कुत्ता घर में घुस गया और एक महिला तथा उसके महज एक साल के मासूम बेटे पर हमला कर दिया। परिवार ने जब इस घटना का विरोध किया, तो विवाद और बढ़ गया। आरोप है कि कुत्ते के मालिक ने गाली-गलौज करते हुए पीड़ित परिवार के घर पर पथराव कर दिया। घटना के बाद सोसाइटी में हंगामा मच गया। पुलिस ने कुत्ते के मालिक दंपत्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अचानक घुसा कुत्ता, मां-बेटे पर हमला
घटना 17 अक्टूबर की शाम की बताई जा रही है। शिप्रा सनसिटी निवासी सेवानिवृत्त लेखा अधिकारी शशि कल्याण अपनी बहू और एक वर्षीय पोते के साथ बाजार जाने के लिए घर से निकल रही थीं। इसी दौरान पड़ोसी हितेन्द्र जैन का पालतू कुत्ता अचानक उनके घर में घुस आया और बहू तथा मासूम बच्चे पर हमला कर दिया।
अचानक हुए हमले से परिवार में अफरा-तफरी मच गई। शिकायत के मुताबिक, महिला ने शोर मचाते हुए ईंट की मदद से कुत्ते को भगाने का प्रयास किया और किसी तरह खुद को तथा अपने बच्चे को बचाया। एक साल का बच्चा, जो खुद अपना बचाव करने में भी सक्षम नहीं है, इस हमले की चपेट में आ गया। घटना ने परिवार को दहशत में डाल दिया।
हमले के बाद जवाबदेही के बजाय पथराव का आरोप
मामले में विवाद तब और बढ़ गया, जब पीड़ित परिवार ने कुत्ते को खुला छोड़ने और उससे पैदा हुए खतरे पर आपत्ति जताई। आरोप है कि कुत्ते के मालिक हितेन्द्र जैन और उनकी पत्नी ने पीड़ित पक्ष के साथ अभद्रता की। शिकायत में घर पर पथराव किए जाने का आरोप भी लगाया गया है।
शोर सुनकर सोसाइटी के लोग मौके पर जुट गए और देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया। अब पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। सवाल यह है कि यदि किसी पालतू जानवर से दूसरे परिवार की सुरक्षा को खतरा पैदा होता है, तो उसकी जिम्मेदारी तय करने के बजाय विवाद को इस हद तक क्यों बढ़ने दिया जाता है ?
पहले भी हमले करने का आरोप!
पीड़ित महिला का आरोप है कि पड़ोसी अपने कुत्ते को खुला छोड़ देते हैं और वह पहले भी कई बार लोगों पर हमला कर चुका है। महिला के मुताबिक, इस संबंध में पहले भी शिकायतें की गई थीं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। हालांकि आवासीय सोसाइटियों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना जरूरी है। पालतू जानवरों के प्रति संवेदनशीलता और उनके मालिकों की जिम्मेदारी, दोनों साथ-साथ चलनी चाहिए।
पुलिस ने दर्ज किया केस
एसीपी इंदिरापुरम सूर्यबली मौर्य के मुताबिक, पीड़िता की शिकायत के आधार पर हितेन्द्र जैन और उसकी पत्नी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
