गंगा के ऊपर गरजा भारत का शौर्य, काशी के आसमान में दिखी वायुसेना की ताकत!!
राफेल-सुखोई की गर्जना से गूंजा बनारस, स्वदेशी तेजस ने दिखाया दम
सूर्यकिरण के हैरतअंगेज करतबों ने बांधा समां
NEWS1UP
भूमेश शर्मा
वाराणसी। गंगा की लहरों के ऊपर जब भारतीय लड़ाकू विमानों ने अपनी गर्जना से आसमान गुंजाया, तो काशी की धरती भारत के सैन्य शौर्य और सामर्थ्य की साक्षी बन गई। कहीं राफेल की रफ्तार, कहीं सुखोई की आक्रामक उड़ान और कहीं स्वदेशी तेजस के हैरतअंगेज करतब। भारतीय वायुसेना के भव्य एयर शो ‘विंग्स ओवर गंगा’ ने रविवार को आध्यात्मिक नगरी वाराणसी में रोमांच, राष्ट्रगौरव और आधुनिक सैन्य शक्ति का अद्भुत संगम प्रस्तुत किया।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीय वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित इस भव्य आयोजन को देखा। गंगा के दोनों तटों पर मौजूद दर्शकों की निगाहें आसमान पर टिकी रहीं और हर रोमांचक प्रदर्शन के साथ तालियों की गूंज बढ़ती गई।
आसमान में लड़ाकू विमानों का शक्ति प्रदर्शन

एयर शो में राफेल, सुखोई-30 एमकेआई, मिराज-2000, जगुआर, मिग-29 और हल्के लड़ाकू विमान तेजस सहित विभिन्न विमानों ने अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन किया। हेलीकॉप्टरों की सटीक फॉर्मेशन, विमानों की संयुक्त उड़ान और काल्पनिक हवाई युद्ध के दृश्यों ने आधुनिक युद्धक्षेत्र में भारतीय वायुसेना की तैयारी, सामरिक समन्वय और त्वरित कार्रवाई की क्षमता को रेखांकित किया।
कार्यक्रम में आधुनिक हथियार प्रणालियों के साथ ऑपरेशन बालाकोट और ऑपरेशन सिंदूर का भी उल्लेख हुआ। इन संदर्भों ने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में सटीक प्रहार और अभियान संचालन की वायुसेना की क्षमता को सामने रखा।
स्वदेशी तेजस ने दिखाया दम, गंगा पर हुई पुष्पवर्षा

प्रदर्शन के सबसे आकर्षक पड़ावों में स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमान तेजस का एकल प्रदर्शन शामिल रहा। तेज मोड़, नियंत्रित घुमाव और चुनौतीपूर्ण हवाई करतबों के जरिए विमान ने अपनी फुर्ती और उड़ान कौशल का परिचय दिया। इसका प्रदर्शन देश की स्वदेशी रक्षा तकनीक और आत्मनिर्भरता की दिशा में बढ़ते कदमों का भी प्रतीक बना।
वहीं, ‘गंगा’ फॉर्मेशन के तहत हेलीकॉप्टरों से पुष्पवर्षा ने आयोजन को भावनात्मक रंग दिया। काशी की धार्मिक-सांस्कृतिक पहचान से जुड़े विशेष फॉर्मेशन ने सैन्य पराक्रम और आध्यात्मिक विरासत को एक सूत्र में पिरोया।
सूर्यकिरण के करतबों के साथ गूंजा राष्ट्रगौरव
एयर शो के अंतिम चरण में सूर्यकिरण एरोबैटिक टीम के नौ हॉक विमानों ने आसमान में सटीक तालमेल के साथ आकर्षक आकृतियां बनाईं और रोमांचक करतब प्रस्तुत किए। विशाल सी-17 ग्लोबमास्टर के साथ टीम की प्रस्तुति ने समारोह को भव्य समापन दिया।

‘विंग्स ओवर गंगा’ ने काशी के आसमान में भारतीय वायुसेना की ताकत, तकनीकी दक्षता, अनुशासन और राष्ट्र की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता की प्रभावशाली तस्वीर पेश की। यह आयोजन वायुसेना की 94 वर्षों की गौरवशाली यात्रा और बदलते दौर की सैन्य चुनौतियों से निपटने की उसकी तैयारियों का सशक्त प्रदर्शन बना।
कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, भारतीय सेनाओं के वरिष्ठ अधिकारी और अनेक विशिष्ट अतिथि मौजूद रहे।
