October 11, 2026
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पथगामिनी का चौथा वार्षिकोत्सव संपन्न

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praveen

NEWS1UP

प्रेस क्लब ऑफ इंडिया दिल्ली में जस्टर ट्रस्ट द्वारा संचालित पथगामिनी का चौथा वार्षिकोत्सव सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए वरिष्ठ साहित्यकार बाल स्वरूप राही ने अपने आशीर्वचन में कहा कि-
इतना बुरा भी तेरा अंजाम नहीं है
सूरज जो सवेरे था वहीं शाम नहीं है
मत सोच कि बदले में तुझे क्या मिलेगा
शायर है जमा-खर्च तेरा काम नहीं है।

कार्यक्रम का प्रारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ संगीतकार शानू बब्बन एंड टीम के द्वारा सरस्वती वंदना गायन से हुआ। समारोह स्थल पर उपस्थित सभी अतिथियों को अंगवस्त्र और सम्मानपत्र द्वारा सम्मानित किया गया। शानू बब्बन एंड टीम ने अपने शास्त्रीय संगीत से समां बाँधा । तत्पश्चात पटना से आईं सुप्रसिद्ध लेखिका अनीता प्रसाद की पुस्तक ‘कविता की ओट से’ और युवा लेखिका उन्नति शाही की इंग्लिश पुस्तक ‘if Anxeity was a poem’ का विमोचन हुआ। मंच से विगत गतिविधियों पर संस्थापिका मंजुला श्रीवास्तवा ने एक संक्षिप्त रिपोर्ट प्रस्तुत की।


लगभग 25 से 30 आमंत्रित कवियों ने काव्य पाठ में अपनी प्रतिभागिता दी। सभी ने एक से बढ़ कर एक सुंदर रचनाओं का मधुर कंठ से काव्यपाठ किया। ‘साहित्य समाज और विचार’ विषय पर व्याख्यान माला में विशिष्ट वक्ता प्रो. हरीश अरोरा ने कहा कि साहित्य समाज का दर्पण तो है ही, साथ ही वह मार्गदर्शन का दायित्व भी निभाता है।
मुख्य वक्ता श्री लक्ष्मी शंकर बाजपेई ने अपने वक्तव्य में कहा कि हम साहित्यकारों को समाज में वैज्ञानिक चेतना के विस्तार में अहम भूमिका निभानी चाहिए।

अंबाला से पधारे मुख्य अतिथि मशहूर ग़ज़लकार नफ़स अंबालवी ने अपनी ग़ज़ल से सभी को आकर्षित करते हुए संस्था की गतिविधियों की सराहना की।
उन्होंने एक शेर कुछ यूँ कहा-
अब उन की अक़्ल को क्या रोइए साहब
जो कहते हैं कि अपना हिंदुस्तान कम है
सारस्वत अतिथि मासूम ग़ाज़ियाबादी ने एक शेर कुछ यूँ पढ़ा-
ग़रीबी देखकर घर की वो ख़ामोश रहते हैं
वरना उम्र बच्चों की बड़ी शौक़ीन होती है
विशिष्ट अतिथि श्री योगेन्द्र दत्त शर्मा ने कहा कि-
हम कवि हैं, हम संत प्रकृति के!
हम तुलसी हैं, हम कबीर हैं
पंत, प्रसाद, निराला भी हम
ग़ालिब, मोमिन, दाग़, मीर हैं!

अग्रिम पंक्ति में विराजमान वरिष्ठ साहित्यकारों में प्रवीण कुमार, कृष्ण कुमार दीक्षित, असलम राशिद, डॉ कौशल (फ़रहत) ने भी अपनी कविताओं से मनीषी श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। तत्पश्चात जस्टर ट्रस्ट की अध्यक्षा मंजुला श्रीवास्तवा ने सभी का धन्यवाद ज्ञापन किया। अंत में स्वादिष्ट अल्पाहार सभी ने ग्रहण किया।।

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