गाजियाबाद निगम ने बढ़ाई यूजर चार्ज वसूली की रफ्तार: 7 महीने में वसूले 5 करोड़ 65 लाख!
व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम से निगरानी
AOA और RWA ने कैंप लगाकर यूजर चार्ज भुगतान की रखी मांग
NEWSW1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। स्वच्छता को लेकर गाजियाबाद नगर निगम ने एक और उल्लेखनीय कदम बढ़ाया है। निगम ने सात महीनों में 5 करोड़ 65 लाख रुपये की यूजर चार्ज वसूली कर पिछले वर्ष की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है। पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 5 करोड़ 19 लाख रुपये था। इस बार वसूली की गति तेज हुई है और निगरानी व्यवस्था और भी सुदृढ़ की गई है।
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग ने डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन को और प्रभावी बनाया है। शहरभर में 600 से अधिक अधिकृत वाहन प्रतिदिन गीला और सूखा कचरा अलग-अलग एकत्र कर रहे हैं। इन वाहनों की गतिविधि पर नजर रखने के लिए व्हीकल ट्रैकिंग मॉनिटरिंग सिस्टम (VTMS) से रियल-टाइम मॉनिटरिंग की जा रही है, जिससे कूड़ा कलेक्शन से लेकर ट्रांसफर स्टेशन और प्रोसेसिंग यूनिट तक की प्रक्रिया पर लगातार निगरानी बनी रहती है।

मुख्य कर निर्धारण अधिकारी सुनील कुमार राय ने बताया कि नगर आयुक्त महोदय के मार्गदर्शन में वसूली की रफ्तार बढ़ी है। इस अभियान में पार्षदों, जनप्रतिनिधियों और आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों का सक्रिय सहयोग मिल रहा है।
यूजर चार्ज वसूली का कार्य ग्लोबल ई विलेज सर्विसेज इंडिया लिमिटेड द्वारा किया जा रहा है। निगम ने सभी जोनल कार्यालयों में यूजर चार्ज काउंटर स्थापित किए हैं, जहाँ नकद भुगतान लिया जा रहा है। वहीं, डोर-टू-डोर कलेक्शन वाहनों पर पोस मशीन और चेक के माध्यम से भुगतान की सुविधा उपलब्ध है। नागरिकों के लिए uc.onlinegnn.com पोर्टल के जरिए ऑनलाइन भुगतान का विकल्प भी शुरू किया गया है।
निगम की पारदर्शी व्यवस्था और नागरिक सहयोग
कार्यदाई संस्था के सीनियर प्रोजेक्ट मैनेजर संदीप नहक और प्रोजेक्ट मैनेजर नेमतउल्लाह पलवी के अनुसार, प्रत्येक जोन में रियल-टाइम डेटा आधारित मॉनिटरिंग की जा रही है। वाहन रूट, समय और कलेक्शन स्थिति सीधे कंट्रोल रूम से ट्रैक की जाती है।
कई आरडब्ल्यूए और सोसायटियों ने निगम की इस पहल की सराहना की है तथा यूजर चार्ज वसूली के लिए कैंप लगाने की मांग की है। इनमें राज एनक्लेव (मोहन नगर), पार्ल कोर्ट (रामप्रस्थ वसुंधरा), जेएम पार्क (वसुंधरा), अंब्रेला हाइट्स (वसुंधरा), गुलमोहर अपार्टमेंट (सिटी जोन), आनंदम सोसाइटी (कवि नगर) और 21 माइलस्टोन सोसाइटी (कवि नगर) प्रमुख हैं। नगर निगम का कहना है कि जल्द ही इन सोसाइटियों में यूजर चार्ज कैंप और ऑन-साइट शिकायत निवारण सुविधा शुरू की जाएगी।

“स्वच्छ गाजियाबाद, स्वस्थ गाजियाबाद” की ओर
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने कहा-
“नगर निगम का उद्देश्य सिर्फ वसूली बढ़ाना नहीं, बल्कि नागरिकों को जिम्मेदार बनाना है। हर घर और हर सोसायटी अगर अपना कचरा सही तरीके से संभालेगी, तो गाजियाबाद निश्चित रूप से प्रदेश के सबसे स्वच्छ शहरों में शामिल होगा।”
गाजियाबाद नगर निगम की यह पहल न केवल कूड़ा कलेक्शन में पारदर्शिता बढ़ा रही है, बल्कि शहर में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की एक सुदृढ़ और वैज्ञानिक व्यवस्था स्थापित कर रही है। यूजर चार्ज वसूली की रफ्तार, नियमों की सख्ती और हाईराइज सोसायटियों की जवाबदेही ने साफ कर दिया है कि अब गाजियाबाद सिर्फ स्वच्छता अभियान का हिस्सा नहीं, बल्कि “स्वच्छता संस्कृति” की दिशा में बढ़ रहा है।
