UP: संपत्ति विवरण नहीं दिया तो सैलरी रोकी!
Ai image
68 हजार से ज़्यादा कर्मचारियों पर योगी सरकार का बड़ा एक्शन
NEWS1UP
विशेष संवाददाता
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने भ्रष्टाचार के खिलाफ सख़्त रुख अपनाते हुए 68,236 राज्य कर्मचारियों की सैलरी होल्ड कर दी है। ये वो कर्मचारी हैं, जिन्होंने तय समयसीमा तक मानव संपदा पोर्टल पर अपनी चल-अचल संपत्तियों का विवरण अपलोड नहीं किया।
31 जनवरी थी अंतिम तारीख

मुख्य सचिव एस.पी. गोयल के निर्देश के बावजूद इन कर्मचारियों ने संपत्ति का ब्यौरा नहीं दिया। प्रदेश में कुल 8.66 लाख राज्य कर्मचारी हैं, जिनमें से करीब 68 हजार अनुपालन से बाहर पाए गए।
जनवरी की सैलरी फरवरी में नहीं
सरकार के मुताबिक, जिन कर्मचारियों ने संपत्ति विवरण अपलोड नहीं किया है, उन्हें जनवरी माह का वेतन फरवरी में नहीं मिलेगा। सैलरी तभी जारी होगी जब मानव संपदा पोर्टल पर जानकारी पूरी की जाएगी।
ऊपर से नीचे तक सख़्ती
विभागाध्यक्षों और कार्यालयाध्यक्षों को पहले ही निर्देश दिए जा चुके थे कि सभी कर्मचारियों से संपत्ति विवरण अनिवार्य रूप से अपलोड कराया जाए, लेकिन लापरवाही के बाद सरकार ने सीधा एक्शन लिया।
ज़ीरो टॉलरेंस का साफ संदेश
योगी सरकार का कहना है कि पारदर्शिता और जवाबदेही के बिना सरकारी सेवा संभव नहीं है। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की ज़ीरो टॉलरेंस नीति का स्पष्ट संकेत मानी जा रही है।
