EV चार्जिंग बनी ‘आग का गोला’! एक ही परिवार के 7 लोगों की दर्दनाक मौत !!
रात में चार्जिंग के दौरान लगी आग ने ली सात जानें
सिलेंडर ब्लास्ट से बढ़ा कहर
NEWS1UP
संवाददाता
इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर से दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां एक रिहायशी मकान में भीषण आग लगने से एक ही परिवार के 7 लोगों की मौत हो गई। हादसा ब्रिजेश्वरी एनेक्स कॉलोनी में तड़के करीब 3:30 से 4:30 बजे के बीच हुआ, जब पूरा परिवार गहरी नींद में था।
EV चार्जिंग बनी जानलेवा
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घर के बाहर चार्ज हो रही इलेक्ट्रिक कार (EV) में शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया।
सिलेंडर ब्लास्ट से बढ़ी तबाही

आग लगने के दौरान घर में रखे चार गैस सिलेंडर फट गए, जिससे आग और तेजी से फैल गई। चौंकाने वाली बात यह है कि घर में करीब 15 सिलेंडर और मौजूद थे, अगर वे भी फट जाते तो तबाही का मंजर और भयावह हो सकता था।
शादी के घर में मातम

बताया जा रहा है कि 16 फरवरी को ही घर में शादी हुई थी, जिसके चलते रिश्तेदार भी मौजूद थे। खुशियों का माहौल अचानक चीख-पुकार और मातम में बदल गया। मृतकों में सिमरन, विजय सेठिया, सुमन सेठिया, राशि और छोटू सेठिया के नाम सामने आए हैं, जबकि एक की पहचान अभी बाकी है।
पड़ोसियों की बहादुरी, 3 लोगों की जान बची

आग लगते ही पड़ोसियों ने हिम्मत दिखाते हुए तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिनकी हालत गंभीर बनी हुई है। बाद में पुलिस और दमकल की टीमों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया।
गाज़ियाबाद में भी हो चुका है ऐसा ही खतरा

यह घटना कोई पहली नहीं है। गाज़ियाबाद के शास्त्री नगर में 27 जनवरी की रात एक बड़ा हादसा टल गया था, जब C-ब्लॉक के एक मकान में चार्जिंग पर लगी MG Windsor EV में आग लग गई थी। हालांकि उस घटना में परिवार बाल-बाल बच गया, लेकिन यह साफ संकेत है कि EV चार्जिंग के दौरान सुरक्षा में जरा सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है।
प्रशासन अलर्ट, जांच जारी
इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा के मुताबिक, आग पर काबू पा लिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। बिल्डिंग की दो मंजिलों को खाली कराया जा चुका है, जबकि अन्य हिस्सों की जांच जारी है।
क्या EV चार्जिंग बन रही है नया खतरा ?
लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं यह सवाल खड़ा कर रही हैं, क्या घरों में EV चार्जिंग के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम हैं ? क्या बैटरी और वायरिंग सिस्टम की नियमित जांच हो रही है ?
