महापौर सुनीता दयाल से मिले कविनगर फेडरेशन प्रतिनिधि
राहत के संकेत, पर लिखित आदेश अब भी नहीं
NEWS1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। शहर में हाउस टैक्स को लेकर जारी विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार को कविनगर फेडरेशन का एक प्रतिनिधिमंडल मेयर सुनीता दयाल से मिला और कर निर्धारण, ब्याज व छूट से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। बैठक के बाद फेडरेशन ने राहत भरे संकेत मिलने का दावा किया, लेकिन नगर निगम की ओर से कोई लिखित आदेश जारी नहीं किया गया।
फेडरेशन के पदाधिकारियों के अनुसार, मेयर ने 1 अप्रैल से ब्याज न लगाने, 20 प्रतिशत छूट जारी रखने तथा हाउस टैक्स पुरानी दरों पर ही जमा कराने पर सहमति जताई है। हालांकि, ये सभी बातें मौखिक आश्वासन के रूप में सामने आई हैं।
शहर में पिछले करीब डेढ़ वर्ष से हाउस टैक्स की नई दरों में अत्यधिक बढ़ोतरी का विरोध चल रहा है। इस दौरान कई बार बैठकें और घोषणाएं हुईं, लेकिन अंतिम निर्णय अधिसूचना के रूप में सामने नहीं आ सका। परिणामस्वरूप करदाताओं में असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
कई क्षेत्रों के निवासियों का कहना है कि बिना लिखित आदेश के टैक्स जमा करने पर बाद में विवाद या अतिरिक्त देनदारी का जोखिम बना रहता है। वहीं, कुछ लोग संभावित ब्याज और दंड को लेकर चिंतित हैं।
कविनगर फेडरेशन ने नागरिकों से अपील की है कि वे फिलहाल धैर्य रखें और स्पष्ट आदेश आने तक जल्दबाज़ी में टैक्स जमा न करें। मेयर से मुलाक़ात करने वाले प्रतिनधि मंडल में अजय जैन, अमित गुप्ता, अजय टंडन, लालचंद शर्मा, एस. के. अग्रवाल, वाई. के. जैन, अजय गुप्ता, सुभाष शर्मा, अश्विनी सिंघल, विनोद शर्मा, मनीष जैन, अमोद कालरा सहित कई प्रमुख लोग शामिल थे।
नगर निगम के अधिकारियों से इस संबंध में संपर्क करने पर आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी।