फेयर कैप हटा: क्या महंगे होंगे हवाई टिकट ?
सरकार बोली, मनमानी नहीं चलेगी !
NEWS1UP
संवाददाता
नई दिल्ली। घरेलू हवाई यात्रियों के लिए अहम बदलाव करते हुए नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने उड़ानों के किराये पर लगी अस्थायी ‘फेयर कैप’ को हटाने का फैसला किया है। यह व्यवस्था 23 मार्च से प्रभावी हो गई है। सरकार का कहना है कि अब हालात सामान्य हो चुके हैं, इसलिए किराया निर्धारण बाजार के हवाले किया जा रहा है, लेकिन निगरानी जारी रहेगी।
मंत्रालय के इस फैसले के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या हवाई किराये फिर से बढ़ेंगे। अधिकारियों के मुताबिक, किराया अब मांग और आपूर्ति के आधार पर तय होगा, मगर एयरलाइन्स को मनमानी की छूट नहीं होगी। उन्हें किराये में पारदर्शिता और संतुलन बनाए रखना होगा।

दरअसल, पिछले वर्ष 6 दिसंबर को इंडिगो में आए परिचालन संकट के चलते कई उड़ानें प्रभावित हुई थीं। विमानों की कमी के कारण टिकटों के दाम अचानक बढ़ गए थे। यात्रियों की शिकायतों के बाद सरकार ने हस्तक्षेप करते हुए किराये की ऊपरी सीमा तय कर दी थी, जिससे कीमतों पर नियंत्रण रखा जा सके।
अब जबकि उड़ानों की संख्या और संचालन सामान्य हो गया है, सरकार ने इस अस्थायी व्यवस्था को समाप्त कर दिया है। हालांकि, मंत्रालय ने एयरलाइन्स को स्पष्ट चेतावनी दी है कि त्योहारों, अधिक मांग या आपात स्थितियों के दौरान किराये में अनावश्यक बढ़ोतरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
मंत्रालय के सूत्रों का कहना है कि हवाई किरायों के उतार-चढ़ाव पर लगातार नजर रखी जाएगी। यदि किसी भी समय किराये में असामान्य वृद्धि पाई जाती है, तो सरकार फिर से हस्तक्षेप करने से पीछे नहीं हटेगी। कुल मिलाकर, अब हवाई टिकटों के दाम बाजार के हिसाब से तय होंगे, लेकिन यात्रियों के हितों की सुरक्षा के लिए सरकार की निगरानी पहले की तरह बनी रहेगी।
