घोड़ी बछेड़ा–जुनपत में किसानों का बड़ा ऐलान: ‘4% प्लॉट नहीं, तो आंदोलन तेज!
44 गांवों के किसानों की महापंचायत, प्राधिकरण के खिलाफ निर्णायक लड़ाई का बिगुल
NEWS1UP
भूमेश शर्मा
ग्रेटर नोएडा। रविवार को घोड़ी बछेड़ा एवं जुनपत गांव में शेष 4% प्लॉट से वंचित किसानों की एक ऐतिहासिक और निर्णायक बैठक आयोजित हुई, जिसमें करीब 44 गांवों के सैकड़ों किसानों ने भाग लेकर अपनी एकजुटता का जोरदार प्रदर्शन किया। बैठक का मुख्य और सबसे ज्वलंत मुद्दा रहा, लंबे समय से लंबित शेष 4% प्लॉट का आवंटन।
वर्षों से वंचित किसान, बढ़ता आक्रोश
बैठक में किसानों ने खुलकर अपनी पीड़ा व्यक्त की। उनका कहना है कि वर्षों से 4% प्लॉट न मिलने के कारण वे आर्थिक, सामाजिक और मानसिक दबाव झेल रहे हैं। कई परिवारों का भविष्य अधर में लटका हुआ है, जबकि प्राधिकरण की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
अब आर-पार की लड़ाई

किसानों ने सर्वसम्मति से ऐलान किया कि अब वे चुप नहीं बैठेंगे। प्राधिकरण के खिलाफ बड़ा जन आंदोलन जल्द शुरू किया जाएगा। बैठक में तय किया गया कि मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजकर न्याय की मांग की जाएगी।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि आंदोलन चरणबद्ध तरीके से होगा और जरूरत पड़ने पर इसे प्रदेश स्तर तक ले जाया जाएगा।
महिलाओं की मजबूत भागीदारी
इस बैठक की खास बात रही महिलाओं की सक्रिय उपस्थिति। बड़ी संख्या में आई महिलाओं ने साफ कहा कि वे इस संघर्ष में कंधे से कंधा मिलाकर साथ खड़ी रहेंगी, जिससे आंदोलन को और मजबूती मिलेगी।
चुनाव में दिखेगा असर !
वंचित किसानों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे आगामी चुनावों में निर्णायक भूमिका निभाएंगे। किसानों का कहना है कि अब उनकी अनदेखी करना किसी भी सत्ता के लिए भारी पड़ सकता है।
संघर्ष का बिगुल बज चुका है
बैठक के अंत में सभी किसानों ने एक स्वर में संकल्प लिया-
“जब तक शेष 4% प्लॉट नहीं मिलेगा, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।”
ग्रामीणों की यह बैठक केवल एक चर्चा नहीं, बल्कि एक बड़े आंदोलन की शुरुआत मानी जा रही है।
