क्या बदल जाएगा गाजियाबाद का नाम ? ‘महाराजा अग्रसेन नगर’ की उठी जोरदार मांग
लोनी विधायक नंद किशोर गुर्जर बोले, गाजीउद्दीन के नाम पर जिला होना दुर्भाग्यपूर्ण, जनप्रतिनिधियों से समर्थन की अपील
NEWS1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। जनपद गाजियाबाद का नाम बदलने की मांग एक बार फिर जोर पकड़ती नजर आ रही है। शनिवार को नवयुग मार्केट में आयोजित प्रेसवार्ता में लोनी विधायक नंद किशोर गुर्जर ने गाजियाबाद का नाम बदलकर ‘महाराजा अग्रसेन नगर’ रखने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि गाजीउद्दीन एक क्रूर शासक और लुटेरा था, ऐसे में आजादी के 78 वर्ष बाद भी उसके नाम पर जिले का नाम होना शर्मनाक और दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने प्रदेश सरकार से अपील करते हुए कहा कि जिस तरह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इलाहाबाद और फैजाबाद के नाम बदलकर भारतीय संस्कृति को पुनर्स्थापित करने का कार्य किया, उसी तर्ज पर गाजियाबाद का नाम भी बदला जाना चाहिए। गुर्जर ने जिले के सभी जनप्रतिनिधियों से इस प्रस्ताव का समर्थन करने की अपील की।

प्रेसवार्ता में मौजूद ‘जनपद महाराजा अग्रसेन नगर नाम परिवर्तन संघर्ष समिति’ के अध्यक्ष रूपचंद नागर ने बताया कि वह लंबे समय से इस मांग को उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि महाराजा अग्रसेन ने जनहित में कई उल्लेखनीय कार्य किए थे और उनका व्यक्तित्व समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।
रूपचंद नागर ने ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए दावा किया कि महाभारत काल में महाराजा अग्रसेन ने कम उम्र में ही राजपाट संभाला था और अमरोहा उनकी राजधानी थी, जिसमें वर्तमान गाजियाबाद क्षेत्र भी शामिल था। उन्होंने बताया कि महाराजा अग्रसेन ने मांसाहार का विरोध किया और बाहर से आकर बसने वाले लोगों को सहयोग देने की नीति अपनाई, जो आज भी प्रासंगिक है।
उन्होंने यह भी बताया कि इस मांग को लेकर उच्च न्यायालय में रिट याचिका दाखिल की गई थी, लेकिन अदालत ने इसे शासन की नीति का विषय बताते हुए अंतिम निर्णय राज्य सरकार पर छोड़ दिया। ऐसे में अब जनप्रतिनिधियों के माध्यम से सरकार तक यह मांग पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।
