हाईराइज सोसायटियों में बिल्डरों-AOA पर बिजली विभाग की बड़ी सख्ती
प्रीपेड मीटर के जरिए नहीं वसूला जा सकेगा मेंटिनेंस चार्ज, मुख्य अभियंता पवन कुमार गोयल ने ज़ोन-1 के अधिकारियों को फिर दिए कड़े निर्देश
NEWS1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। शहर की हाईराइज सोसायटियों में रहने वाले हजारों बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलने जा रही है। मुख्य अभियंता पवन कुमार गोयल ने एक बार फिर सख्ती दिखाते हुए शहर के ज़ोन-1 के अंतर्गत आने वाले सभी अधिशासी अभियंताओं एवं अन्य विद्युत अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि बहुमंजिला सोसायटियों में एओए अथवा बिल्डर अब बिजली मीटर के माध्यम से मेंटिनेंस चार्ज वसूल नहीं कर सकेंगे।

गौरतलब है कि 11 मई को भी मुख्य अभियंता द्वारा इस संबंध में आदेश जारी किया गया था, लेकिन अब पुनः कड़े निर्देश देते हुए कहा गया है कि उत्तर प्रदेश विद्युत नियामक आयोग के टैरिफ आदेश तथा विद्युत आपूर्ति संहिता-2025 के 13वें संशोधन में निहित नियमों एवं शर्तों का ज़ोन-1 की सभी हाईराइज सोसायटियों में सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए।
मुख्य अभियंता पवन कुमार गोयल ने आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि इस प्रकरण को “अति महत्वपूर्ण” माना जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। आदेश के बाद अब सोसायटी मेंटेनेंस न जमा होने कारण निवासियों की बिजली नहीं काटी जा सकेगी।
इस आदेश का सीधा असर ज़ोन-1 के अंतर्गत आने वाली क्रॉसिंग रिपब्लिक क्षेत्र की सभी सोसायटियों पर पड़ेगा। इसके अलावा लैंडक्राफ्ट, आशियाना ली रेजिडेंसी, स्कार्डी ग्रीन, महागुनपुरम, लक्सुरिया एस्टेट, राइज ऑर्गेनिक, दिव्यांश, रुचिरा सफायर, गोल्डन गेट और सिटी अपार्टमेंट सहित अन्य बहुमंजिला सोसायटियां भी शामिल हैं।
