कविनगर रामलीला मैदान का ऑडिटोरियम सील, पूर्व सांसद की शिकायत पर GDA की बड़ी कार्रवाई
डॉ. रमेश चंद्र तोमर ने उठाए थे अनियमितताओं के सवाल, प्राधिकरण ने की बड़ी कार्रवाई
NEWS1UP
संवाददाता
गाजियाबाद। कविनगर रामलीला मैदान में कथित अनधिकृत निर्माण को लेकर पूर्व सांसद डॉ. रमेश चंद्र तोमर द्वारा उठाए गए मुद्दे पर आखिरकार गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) ने सख्त कदम उठा लिया है। बुधवार को GDA की टीम ने रामलीला मैदान परिसर में संचालित जानकी ऑडिटोरियम को सील कर दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल बन गया है।

क्या था पूर्व सांसद का आरोप ?
पूर्व सांसद डॉ. रमेश चंद्र तोमर ने 15 मई को GDA उपाध्यक्ष को भेजे अपने शिकायत पत्र में आरोप लगाया था कि कविनगर स्थित रामलीला मैदान प्राधिकरण की संपत्ति है, जिसे केवल रामलीला आयोजन के लिए सीमित अवधि हेतु नि:शुल्क उपलब्ध कराया जाता है।
उन्होंने शिकायत में कहा था कि वर्तमान रामलीला प्रबंधन समिति वैधानिक रूप से अधिकृत नहीं है और समिति द्वारा प्राधिकरण के मंच (स्टेज) के पीछे तोड़फोड़ कर जानकी ऑडिटोरियम का निर्माण कराया गया, जिसका उपयोग जन्मदिन, सगाई और अन्य निजी आयोजनों के लिए किराये पर किया जा रहा है।
व्यावसायिक उपयोग से आय अर्जित करने का आरोप
शिकायत पत्र में यह भी दावा किया गया था कि ऑडिटोरियम के माध्यम से नियमित रूप से किराया वसूला जा रहा है, लेकिन आयोजकों को कोई विधिवत रसीद उपलब्ध नहीं कराई जाती। पूर्व सांसद का आरोप था कि यदि परिसर का उपयोग व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है तो उससे प्राप्त होने वाली आय प्राधिकरण के खाते में जमा होनी चाहिए।
उन्होंने अपने पत्र में उल्लेख किया था कि समिति के वर्ष 2024-25 के आय-व्यय विवरण में ऑडिटोरियम से करीब 6.75 लाख रुपये की आय दर्शाई गई है।
शिकायत के एक माह बाद प्राधिकरण का बड़ा कदम
करीब एक माह पूर्व दर्ज कराई गई शिकायत पर कार्रवाई करते हुए GDA की टीम बुधवार को मौके पर पहुंची और निरीक्षण के बाद जानकी ऑडिटोरियम को सील कर दिया। प्राधिकरण की इस कार्रवाई को सरकारी भूमि एवं परिसंपत्तियों के कथित अनधिकृत उपयोग के खिलाफ महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
