लखनऊ अग्निकांड के बाद सख्त हुए सीएम योगी, बेसमेंट में कोचिंग-नर्सिंग होम पर रोक के निर्देश

0

प्रदेशभर में फायर सेफ्टी ऑडिट शुरू, नियमों के उल्लंघन पर 100 से अधिक संस्थान सील, SIT जांच में जुटी

NEWS1UP

भूमेश शर्मा

लखनऊ। राजधानी लखनऊ में हुए भीषण अग्निकांड के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक कर घटना की बिंदुवार समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि बेसमेंट में किसी भी प्रकार की कोचिंग संस्था अथवा नर्सिंग होम संचालित नहीं किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि जिस भवन को जिस गतिविधि के लिए स्वीकृति मिली है, उसमें केवल वही गतिविधि संचालित होनी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लखनऊ की यह दुखद घटना पूरे प्रदेश के लिए एक बड़ा सबक है। अग्नि सुरक्षा मानकों के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने सभी जिलों में विशेष टीमों का गठन कर व्यापक फायर सेफ्टी ऑडिट अभियान चलाने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि पहले लोगों को जागरूक किया जाए, उसके बाद नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की जाए। अभियान के नाम पर किसी भी नागरिक का उत्पीड़न नहीं होना चाहिए।

सभी जिलाधिकारियों को दिए गए निर्देश

मुख्यमंत्री के आदेश के बाद प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को अपने-अपने जनपदों में संचालित कोचिंग संस्थानों का सर्वे कर विस्तृत सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच के दौरान भवन की संरचना, अग्नि सुरक्षा व्यवस्था, विद्युत सुरक्षा तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं का परीक्षण किया जाएगा। पंजीकृत संस्थानों में भी छात्रों की सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा सुनिश्चित की जाएगी।

प्रदेशभर में महाअभियान, 100 से अधिक संस्थानों पर कार्रवाई

मुख्यमंत्री योगी के निर्देश पर उत्तर प्रदेश में कोचिंग संस्थानों की जांच के लिए व्यापक अभियान शुरू कर दिया गया है। प्रशासन, विकास प्राधिकरणों और अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीमों ने लखनऊ, गोरखपुर, कानपुर, प्रयागराज, मेरठ, आगरा सहित विभिन्न शहरों में निरीक्षण अभियान चलाया। इस दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर 100 से अधिक संस्थानों को सील करने की कार्रवाई की गई।

SIT ने संभाली जांच की कमान

उल्लेखनीय है कि हाल ही में हुई आग की घटना में 15 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। मामले की जांच के लिए गठित दो सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और KGMU में भर्ती घायलों से मुलाकात कर घटना से संबंधित जानकारी जुटाई।

वहीं फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम ने भी घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए हैं। SIT के अनुसार, जुटाए गए सबूतों के आधार पर कई लोगों से पूछताछ की जाएगी। जांच के दायरे में घटना से जुड़े सभी विभागों की भूमिका और जिम्मेदारियों को शामिल किया गया है। निर्धारित समयसीमा के भीतर जांच रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपे जाने की तैयारी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!